योग एवं प्राणायाम करने से सदैव शरीर में स्फूर्ति बनी रहती है – श्रीमती अर्चना राठौर

योग एवं प्राणायाम करने से सदैव शरीर में स्फूर्ति बनी रहती है – श्रीमती अर्चना राठौर
सच्चा दोस्त से झाबुआ संवाददाता दौलत गोलानी की रीपोर्ट
योग प्रषिक्षिका ने ग्रामीण महिलाओं, आंगनवाड़ी कार्यकर्ता एवं किषोरी बालिकाओं को करवाया योगाभ्यास
झाबुआ। परहित जन सेवा संस्था द्वारा ग्रामीण महिलाओं, आंगनवाड़ी कार्यकर्ता एवं किषोरी बालिकाओं के लिए योग का प्रषिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया। जिसमें संस्था की अध्यक्ष एवं योग प्रषिक्षिका श्रीमती अर्चना राठौर ने योग का महत्व बताते हुए इसे अपनी दिनचर्या में शामिल करने हेतु कहा। उन्होंने कहा कि योग एवं प्राणायाम करने से सदैव शरीर में स्फूर्ति बनी रहती है। जीवन से नकारात्मक भाव धीरे-धीरे बाहर निकलकर सकारात्मकता बढ़ती है।
श्रीमती राठौर ने आगे बताया कि निरंतर योग करने से महिलाएं स्वस्थ रहकर कभी भी किसी भी समस्या का निराकरण आसानी से कर सकती है। योग के शारीरिक फायदों के साथ मानसिक शांति का भी अनुभव होता है। योग-प्रणायाम के लाभ बताने के पश्चात् श्रीमती राठौर द्वारा उपस्थित सभी महिलाओं को गायत्री महामंत्र का जाप करवाकर प्रणायाम प्रारंभ करवाया। सर्वप्रथम उद्धगीत प्रणायाम करवाया एवं उसके महत्व पर प्रकाष डाला।
ऊॅं मंत्र के उच्चारण से मन को मिलती है शांति
साथ ही बताया कि जब भी आप प्रणायाम प्रारंभ करे तो गायत्री महामंत्र के पश्चात् ऊॅं अर्थात उद्धगीत प्रणाम अवष्य करे, इसका हमारे तन और मन पर आध्यात्मिक प्रभाव पड़ता है। ऊॅं का उच्चारण करने के लिए गहरी लंबी सांस लेकर अंर्तमन से इसका उच्चारण करने से मन को काफी शांति मिलती है। ऊॅं शब्द की ध्वनि उच्चरण मात्र से ही मन पवित्र हो जाता है।
कठोर आसन एवं प्रणायाम करवाएं
इसके पश्चात् योग प्रषिक्षिका श्रीमती अर्चना राठौर ने उपस्थित ग्रामीण महिलाओं, आंगनवाड़ी कार्यकर्ता एवं किषोरी बालिकाओं को भस्त्रिका, अनुलोम-विलोम, भ्रामरी, कपाल भाति प्रणायाम करवाएं और सभी के पृथक-पृथक लाभ भी बताएं। आसनों में वज्रासन मंडूकासन, तितली आसन, भुजंगासन, मर्कट आसन के साथ सूक्ष्म व्यायाम भी सिखाएं।


फोटो – परहित जन सेवा संस्था अध्यक्ष एवं योग प्रषिक्षिका श्रीमती अर्चना राठौर महिलाओं को योगासन करवाते हुए।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *