विकासखण्ड मुख्यालय पर निःशक्त छात्र-छात्राओं के शिक्षा के विशेष प्रबंध होंगे

नेशनल डेवलपमेंट हेड अतुल जैन की रिपोर्ट

शिवपुरी।  कलेक्टर श्रीमती अनुग्रहा पी ने समय-सीमा के पत्रों की समीक्षा करते हुए कहा कि प्रत्येक विकासखण्ड स्तर पर दो कक्षों में निशक्त छात्र-छात्राओं के लिए अध्ययन की विशेष व्यवस्था हो। इन छात्र-छात्राओं के लिए बे्रल लिपि से संबंधित पुस्तकें एवं इनके अध्ययन हेतु उपयोग में होने वाली अन्य सामग्री भी उपलब्ध कराई जाए।
कलेक्टर श्रीमती अनुग्रहा पी ने उक्त आशय के निर्देश आज जिलाधीश कार्यालय के सभाकक्ष में आयोजित समय-सीमा के पत्रों की समीक्षा के दौरान सर्व शिक्षा अभियान के जिला परियोजना समन्वय को निर्देश दिए। बैठक में जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री एच.पी.वर्मा, अपर कलेक्टर श्री आर.एस.बालोदिया सहित जिला अधिकारीगण एवं जिले के अनुविभागीय अधिकारी राजस्व उपस्थित थे।
कलेक्टर श्रीमती अनुग्रहा पी ने समय-सीमा के पत्रों एवं सीएम हेल्पलाईन में प्राप्त शिकायतों की विभागवार समीक्षा करते हुए कहा कि निशक्त छात्र-छात्राओं के लिए प्रत्येक विकासखण्ड स्तर पर दो कक्षों को स्त्रोत केन्द्र के रूप में विकसित कर शिक्षा की समूचित व्यवस्था की जाए। उन्होंने कहा कि नेत्रहीन बच्चों के लिए भी जिला स्तर पर विद्यालय शुरू हो। इसकी भी तैयारियां शुरू करें।
कलेक्टर ने स्कूली बच्चों के नेत्र परीक्षण हेतु संचालित कार्यक्रम की प्रगति की समीक्षा करते हुए निर्देश दिए कि विद्यालयों में पढ़ने वाले सभी छात्र-छात्राओं का सितम्बर माह तक नेत्र परीक्षण हो जाए। कमजोर नेत्र ज्योति वाले बच्चों को चश्मों का वितरण किया जा सके। उन्होंने स्कूली शिक्षा में गुणात्मक सुधार लाने हेतु जिला एवं खण्डस्तरीय अधिकारियों को आवंटित स्कूलों के संबंध में निर्देश दिए कि वे स्कूलांे का भ्रमण कर बच्चों की गुणात्मक सुधार लाने हेतु पहल करें और स्कूलों में पाई जाने वाली समस्याओं से भी वे निर्धारित प्रारूप में अवगत कराए। उन्होंने कहा कि ग्रामीणों को जनसहयोग से विद्यालयों में पढ़ने वाले बच्चों को फर्नीचर एवं अन्य व्यवस्था हेतु भी प्रेरित करें। कलेक्टर ने अवैध उत्खनन की समीक्षा करते हुए जिला खनिज अधिकारी को निर्देश दिए कि अवैध उत्खनन एवं परिवहन करने वालों के विरूद्ध सख्ती के साथ कार्यवाही करें।


अमानक नमूने पाए जाने वाले प्रतिष्ठानों के विरूद्ध कार्यवाही करें


श्रीमती अनुग्रहा पी ने खाद्य पदार्थों में मिलावट को रोकने हेतु जिले में संचालित किए गए जांच अभियान की समीक्षा करते हुए मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी को निर्देश दिए कि इस अभियान को और पूरी सख्ती के साथ संचालित किया जाए। विश्लेषण के दौरान जो दो नमूने अमानक पाए गए है, उन प्रतिष्ठानों के विरूद्ध कार्यवाही सुनिश्चित करें। नमूने संग्रहित करने वाले दल प्रतिदिन 5 नमूने आवश्यक रूप से लें। कलेक्टर ने सार्वजनिक वितरण प्रणाली की समीक्षा करते हुए निर्देश दिए कि उचित मूल्य की संलग्न दुकानों को चिंहित कर अपात्र दुकानों को टर्मिनेशन की कार्यवाही करें। कलेक्टर ने बैठक में स्वरोजगार की विभिन्न योजनाओं की समीक्षा करते हुए निर्देश दिए कि योजना के तहत अधिक से अधिक गुणवत्तापूर्ण प्रकरण बैंको को स्वीकृति हेतु भेजे जाए। जिससे पात्र एवं जरूरतमंद व्यक्ति योजनाओं का लाभ लेकर अपना स्वरोजगार स्थापित कर सके।

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